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सत्यमेव जयते
राजभाषा विभाग
Department of Official Language


केंद्रीय अनुवाद ब्यूरो - परिचय

पृष्ठभूमि

 

 राजभाषा हिंदी के प्रगामी प्रयोग में अनुवाद की महत्वपूर्ण और अपरिहार्य आवश्यकता को देखते हुए अनुवाद की सुनियोजित व्यवस्था करना आवश्यक था। वर्ष 1960 में शिक्षा मंत्रालय के अधीन केंद्रीय हिंदी निदेशालय की स्थापना करके असांविधिक साहित्य के हिंदी अनुवाद का कार्य आरंभ किया गया। लेकिन राजभाषा हिंदी के कार्यान्वयन का दायित्व गृह मंत्रालय पर होने के कारण केंद्र सरकार के असांविधिक प्रक्रिया साहित्य के अनुवाद का दायित्व भी गृह मंत्रालय को सौंपा गया। तदनुसार, 1 मार्च 1971 को गृह मंत्रालय के अधीन केंद्रीय अनुवाद ब्यूरो की स्थापना की गई और केंद्र सरकार के मंत्रालयोंविभागोंकार्यालयोंउपक्रमों आदि के असांविधिक प्रक्रिया साहित्य का अनुवाद कार्य केंद्रीय अनुवाद ब्यूरो को सौंपा गया। वर्तमान में केंद्रीय अनुवाद ब्यूरोराजभाषा विभाग (गृह मंत्रालय) के अधीनस्थ कार्यालय के रूप में कार्य कर रहा है।

 अनुवाद में सरलतासहजता और शब्दावली में एकरूपता सुनिश्चित करने के लिए वर्ष 1973 से अनुवाद प्रशिक्षण का कार्य ब्यूरो को सौंपा गया। इस प्रकार ब्यूरो अनुवाद प्रशिक्षण देने का कार्य भी कर रहा है। वस्तुत: केंद्र सरकार के स्तर पर अनुवाद और अनुवाद प्रशिक्षण के लिए केंद्रीय अनुवाद ब्यूरो एकमात्र संस्था है।

 

दायित्व

1.         भारत सरकार के मंत्रालयों/विभागों/कार्यालयों/बैंकों/उपक्रमों आदि के कोडमैनुअल और फार्मों जैसे असांविधिक साहित्य और प्रशिक्षण सामग्री का अनुवाद।

2.         अनुवाद कार्य से जुड़े अधिकारियों/कर्मचारियों को अनुवाद का प्रशिक्षण।

3.         प्रशासनिक शब्दावली और अभिव्यक्तियों में एकरूपता सुनिश्चित करना।

 हमारी गतिविधियां

 

 1.     अनुवाद कार्य

 केंद्रीय अनुवाद ब्यूरो केंद्र सरकार के विभिन्न मंत्रालयों, विभागों, कार्यालयों और केंद्र सरकार के स्वामित्व वाले तथा नियंत्रणाधीन उपक्रमों, निगमों, स्वायत्त निकायों, संगठनों तथा बैंकों आदि के असांविधिक प्रक्रिया साहित्य जैसे कोडों, मैनुअलों, फार्मों, प्रशिक्षण सामग्री आदि का अनुवाद निःशुल्क करता है। केंद्रीय अनुवाद ब्यूरो द्वारा वर्ष 01 मार्च, 1971 से 31 मार्च, 2013 तक 23,08,382  मानक पृष्ठों का अनुवाद किया जा चुका है।

 

 2.     अनुवाद क्षमता विस्तार योजना

अनुवाद कार्य के बैकलॉग के शीघ्र निपटान के लिए ब्यूरो में वर्ष 1989 में अनुवाद क्षमता विस्तार योजना शुरू की गई थी। इस योजना में मानदेय के आधार पर बाह्य अनुवादकों से अनुवाद करवाया जाता है। तकनीकी सामग्री के अनुवाद के लिए मानदेय की दरें 250 रुपए प्रति हजार शब्द हैं। विवरण के लिए http://rajbhasha.nic.in साइट पर महत्वपूर्ण सूचनाएं/आदेश/नीति संबंधी/सं. 13011/1/2009-रा.भा.(नी.सं.) दिनांक 11-11-2011 (पीडीएफ फाइल) क्लिक करें।

अनुवाद करने के इच्छुक व्यक्ति मुख्यालय, नई दिल्ली से संपर्क कर सकते हैं। सुविधा के लिए फिलहाल केवल राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र या उसके आसपास रहने वाले लोगों को ही अनुवाद कार्य दिया जाता है।

 

 3.     अनुवाद प्रशिक्षण

 

3.1.  त्रैमासिक अनुवाद प्रशिक्षण पाठ्यक्रम 

वर्ष 1973 से ही केंद्रीय अनुवाद ब्यूरो केंद्रीय सरकार के विभिन्न मंत्रालयोंविभागोंउपक्रमों एवं राष्ट्रीयकृत बैंकों में कार्य करने वाले हिंदी अधिकारियों/अनुवादकों तथा हिंदी कार्य से जुड़े सभी अधिकारियों/कर्मचारियों के लिए सेवाकालीन त्रैमासिक अनुवाद प्रशिक्षण पाठ्यक्रम संचालित कर रहा है। यह सभी प्रशिक्षण कार्यक्रम नि:शुल्क हैं। इस त्रैमासिक अनुवाद प्रशिक्षण पाठ्यक्रम में हिंदी अनुवादकों के अतिरिक्त वे कर्मचारी भी प्रशिक्षण प्राप्त कर सकते हैंजो अनुवाद कार्य या राजभाषा नीति के कार्यान्वयन से जुड़े हों और जिन्हें हिंदी तथा अंग्रेजी भाषा का स्नातक स्तर का ज्ञान हो।

राजभाषा विभाग के दिनांक   5 मई, 1975 के कार्यालय ज्ञापन सं. 11/13017/12/75-रा.भा. (ग) में बताए दिशानिर्देशों के अनुसार यह प्रशिक्षण लेना अनिवार्य है। देशभर में फैले केंद्र सरकार के कार्यालयों की बढ़ती हुई मांग को पूरा करने के लिए मुंबईबेंगलूर और कोलकाता में क्रमश: जनवरी, 1985अक्तूबर, 1985 और अक्तूबर, 1987 से अनुवाद प्रशिक्षण केंद्र खोले गए। इस पाठ्यक्रम के अधीन प्रत्येक केंद्र में प्रतिवर्ष (1) 01 जनवरी से 30 सितंबर,   (2)  01 अप्रैल से 30 सितंबर, (3) 01  जुलाई से 30 सितंबर और  (4)  01 अक्तूबर से 31 दिसंबर तक तीन-तीन माह के चार सत्र आयोजित किए जाते हैं। केंद्रीय अनुवाद ब्यूरो द्वारा 31 मार्च, 2013 तक ऐसे कुल 483 कार्यक्रम आयोजित किए गए हैं, जिनमें  10,276  प्रशिक्षार्थियों को प्रशिक्षण दिया गया है। दिल्ली  केंद्र में प्रशिक्षार्थियों की सुविधा के लिए छात्रावास की व्यवस्था भी है।

(परिपत्र एवं नामांकन पत्र के लिए क्लिक करें)  

 

3.2  21 दिवसीय अनुवाद प्रशिक्षण पाठ्यक्रम

सरकारी उपक्रमों और बैंको के अनुवादकर्मियों के लिए 21 दिवसीय विशेष अनुवाद प्रशिक्षण पाठ्यक्रम तैयार किया गया है।  21 कार्य-दिवसीय विशेष अनुवाद प्रशिक्षण पाठ्यक्रम का आयोजन अलग-अलग कार्यालयों की मांग पर उन्हीं के कार्यालयों मे जाकर प्रशिक्षार्थियों की उपलब्धता और कार्यालयों की सुविधा के अनुसार नि:शुल्क प्रदान किया जाता है । अनुभव से यह पता चला है कि इस प्रकार के अनुवाद प्रशिक्षण पाठ्यक्रम संबंधित कार्यालय के अधिकारियों/कर्मचारियों को अनुवाद तथा राजभाषा हिंदी के कार्यान्वयन की सटीक जानकारी प्रदान करने में अत्यन्त सहायक सिद्ध हो रहे हैं । इस विशेष अनुवाद प्रशिक्षण पाठ्यक्रम में अनुवाद कार्य अथवा राजभाषा नीति के कार्यान्वयन से जुड़े हुए अधिकारी/कर्मचारी भाग ले सकते हैंबशर्ते कि उनके पास स्नातक स्तर पर हिंदी एवं अंग्रेजी दोनों भाषाएं विषय के रूप में रही   हों।

इन कार्यक्रमों में कक्षाएं लेने के लिए केंद्रीय अनुवाद ब्यूरो से सहायक निदेशक स्तर के अधिकारी भेजे जाते हैं।

इस योजना के अधीन केंद्रीय अनुवाद ब्यूरो  31 मार्च, 2013 तक ऐसे कुल 39 कार्यक्रम आयोजित कर चुका है जिनमें  910  प्रशिक्षार्थियों को प्रशिक्षण दिया गया  है।

 

(परिपत्र के लिए क्लिक करें ।)

 

3.3  5 दिवसीय अल्पकालीन अनुवाद प्रशिक्षण पाठ्यक्रम

केंद्रीय अनुवाद ब्यूरो देश के विभिन्न कार्यालयों के लिए उनकी मांग पर 5 कार्य दिवसीय अल्पकालीन अनुवाद प्रशिक्षण पाठ्यक्रम संचालित करता है। इन कार्यक्रमों की उपयोगिता और लोकप्रियता को देखते हुए इस प्रकार के कार्यक्रमों का आयोजन करने की मांग लगातार प्राप्त होती रहती है। इस विशेष अनुवाद प्रशिक्षण पाठ्यक्रम में अनुवाद कार्य अथवा राजभाषा नीति के कार्यान्वयन से जुड़े अधिकारी/कर्मचारी भाग ले सकते हैंबशर्ते कि उन्होनें स्नातक स्तर तक हिंदी एवं अंग्रेजी दोनों भाषाएं पढ़ी हों। ये कार्यक्रम संबंधित कार्यालयों में जाकर ही आयोजित किए जाते हैं। इन कार्यक्रमों में प्रशिक्षण कक्षाएं लेने के लिए केंद्रीय अनुवाद ब्यूरो से सहायक निदेशक स्तर के अधिकारी भेजे जाते हैं।  31 मार्च, 2013 तक आयोजित ऐसे  465 कार्यक्रमों में कुल 12,397 प्रशिक्षार्थियों को प्रशिक्षण दिया गया है।

 

 (परिपत्र के लिए क्लिक करें ) 

 

3.4 उच्चस्तरीय/पुनश्चर्या अनुवाद प्रशिक्षण पाठ्यक्रम (पांच दिवसीय)

यह पाठ्यक्रम फिलहाल केवल ब्यूरो के दिल्ली केंद्र अर्थात् मुख्यालय में ही संचालित किए जाते हैं। इसमें विभिन्न कार्यालय अपने अधिकारियों/ कर्मचारियों को प्रशिक्षण के लिए भेज सकते  हैं। इस पाठ्यक्रम के अंतर्गत 31 मार्च, 2013 तक कुल 115 कार्यक्रम आयोजित किए जा चुके हैं जिनमें 2045  प्रशिक्षार्थियों को प्रशिक्षण दिया जा चुका है।

 उच्चस्तरीय अनुवाद प्रशिक्षण हिंदी अधिकारियों/राजभाषा अधिकारियों तथा उनसे ऊंपर के अधिकारियों के लिए आयोजित किए जाते हैं। जबकि पुनश्चर्या अनुवाद प्रशिक्षण पाठ्यक्रम ऐसे अनुवादकों/राजभाषा कार्यान्वयन से जुड़े उन  कर्मचारियों के लिए आयोजित किए जाते हैं जिन्होंने ब्यूरो से पहले तीन माह का अनुवाद प्रशिक्षण प्राप्त किया हो। प्रशिक्षार्थियों के लिए छात्रावास की सुविधा भी उपलब्ध कराई जाती है। 

 

 परिपत्र तथा नामांकन पत्र के लिए क्लिक करें

 

4. उपलब्धियां

 

4.1  अनुवाद

·        केंद्र सरकार द्वारा गठित प्रतिष्ठित आयोगों एवं समितियों की रिपोर्ट जैसे पांचवे वेतन   आयोगजैन जांच आयोगसरकारिया आयोगराष्ट्रीय अल्पसंख्यक आयोग एवं अनुसूचित जाति एवं जनजाति आयोग जैसे महत्वपूर्ण आयोगों की रिपोर्ट का अनुवाद कार्य ।

·        राष्ट्रपति के अभिभाषणप्रधानमंत्री द्वारा देश तथा विदेश में दिए जाने वाले भाषणों के अनुवाद तथा  अंतर्राज्यीय परिषद से संबंधित महत्वपूर्ण सामग्री का अनुवाद ।

·        अपनी स्थापना से लेकर 31 मार्च, 2013 तक 16,69,528 मानक पृष्ठों का अनुवाद।

 ·        अनुवाद क्षमता विस्तार योजना के अंतर्गत 31 मार्च, 2013 तक 6,38,854 मानक पृष्ठों का अनुवाद।

 

4.2  प्रशिक्षण

·        राष्ट्रीय अनुवाद संगोष्ठी का आयोजन।

·        चंडीगढ़ में वैज्ञानिकों के लिए उच्च स्तरीय कार्यक्रम  

 

31 मार्च, 2013 तक आयोजित किए गए कार्यक्रम

 क्रम सं

कार्यक्रम का नाम

आयोजित सत्रों की संख्या

प्रशिक्षित कर्मचारियों की संख्या

1

त्रैमासिक अनुवाद प्रशिक्षण पाठ्यक्रम

483

10276

2

21 दिवसीय अनुवाद प्रशिक्षण पाठ्यक्रम

39

910

3

अल्पकालीन अनुवाद प्रशिक्षण पाठ्यक्रम

465

12397

4

उच्चस्तरीय पुनश्चर्या अनुवाद प्रशिक्षण पाठ्यक्रम

 

 

115

2045